Skip to content
  • Facebook
  • Twitter
  • Pinterest
  • Tumblr
  • Blogger
Sanatan Bhakti Sangrah

सनातन भक्ति

हिन्दुत्व एक सर्वोत्कृष्ट जीवनशैली है।

Primary Menu
  • होम
  • कहानी संग्रह
  • स्तोत्र संग्रह
  • चालीसा संग्रह
    • श्री हनुमान चालीसा
    • श्री शिव चालीसा
    • श्री गणेश चालीसा
    • श्री राम चालीसा
    • श्री शनि चालीसा
    • श्री दुर्गा चालीसा (Durga Chalisa)
    • श्री लक्ष्मी चालीसा ( Lakshmi Chalisa)
    • श्री सरस्वती चालीसा
    • श्री साँई चालीसा
    • और भी चालीसा देखें >>
  • आरती संग्रह
  • व्रत कथा
  • श्री राम शलाका प्रश्नावली
  • Baby Name
  • About Us
  • Login
  • Home
  • Chalisa
  • श्री शिव चालीसा (Shri Shiv Chalisa)
  • Chalisa

श्री शिव चालीसा (Shri Shiv Chalisa)

Pt. Ram Chandra 7 वर्ष ago
Shiv Chalisa

श्री शिव चालीसा – Shri Shiv Chalisa

हमारे हिन्दू धर्म में भगवान शिव एक ऐसे देव हैं जो सभी विघ्न बाधाओं से अपने अपन भक्तो को दूर रखते हैं। शास्त्र के अनुसार ब्रह्मा, विष्णु और महेश त्रिदेव हैं जो क्रमशः संसार के रचयिता, संचालक और संहारक हैं। शिव के भक्तों को मृत्य का भय नहीं सताता। प्रति दिन शिव चालीसा (Shiv Chalisa) का पाठ से शिव प्रसन्न होते हैं और भक्तों की मनोकामना पूरा करते हैं। शिव बहुत भोले हैं इसी स्वाभाव के चलते इन्हे भोलेनाथ कहा जाता है। शिव देवाधि देव महादेव हैं। संकट के घड़ी में ईश्वर भी भगवान शिव को याद करते हैं।

॥दोहा॥

श्री गणेश गिरिजा सुवन, मंगल मूल सुजान।
कहत अयोध्यादास तुम, देहु अभय वरदान॥

जय गिरिजा पति दीन दयाला। सदा करत सन्तन प्रतिपाला॥
भाल चन्द्रमा सोहत नीके। कानन कुण्डल नागफनी के॥
अंग गौर शिर गंग बहाये। मुण्डमाल तन छार लगाये॥
वस्त्र खाल बाघम्बर सोहे। छवि को देख नाग मुनि मोहे॥1॥

मैना मातु की ह्वै दुलारी। बाम अंग सोहत छवि न्यारी॥
कर त्रिशूल सोहत छवि भारी। करत सदा शत्रुन क्षयकारी॥
नन्दि गणेश सोहै तहँ कैसे। सागर मध्य कमल हैं जैसे॥
कार्तिक श्याम और गणराऊ। या छवि को कहि जात न काऊ॥2॥

देवन जबहीं जाय पुकारा। तब ही दुख प्रभु आप निवारा॥
किया उपद्रव तारक भारी। देवन सब मिलि तुमहिं जुहारी॥
तुरत षडानन आप पठायउ। लवनिमेष महँ मारि गिरायउ॥
आप जलंधर असुर संहारा। सुयश तुम्हार विदित संसारा॥3॥

त्रिपुरासुर सन युद्ध मचाई। सबहिं कृपा कर लीन बचाई॥
किया तपहिं भागीरथ भारी। पुरब प्रतिज्ञा तसु पुरारी॥
दानिन महं तुम सम कोउ नाहीं। सेवक स्तुति करत सदाहीं॥
वेद नाम महिमा तव गाई। अकथ अनादि भेद नहिं पाई॥4॥

प्रगट उदधि मंथन में ज्वाला। जरे सुरासुर भये विहाला॥
कीन्ह दया तहँ करी सहाई। नीलकण्ठ तब नाम कहाई॥
पूजन रामचंद्र जब कीन्हा। जीत के लंक विभीषण दीन्हा॥
सहस कमल में हो रहे धारी। कीन्ह परीक्षा तबहिं पुरारी॥5॥

एक कमल प्रभु राखेउ जोई। कमल नयन पूजन चहं सोई॥
कठिन भक्ति देखी प्रभु शंकर। भये प्रसन्न दिए इच्छित वर॥
जय जय जय अनंत अविनाशी। करत कृपा सब के घटवासी॥
दुष्ट सकल नित मोहि सतावै । भ्रमत रहे मोहि चैन न आवै॥6॥

त्राहि त्राहि मैं नाथ पुकारो। यहि अवसर मोहि आन उबारो॥
लै त्रिशूल शत्रुन को मारो। संकट से मोहि आन उबारो॥
मातु पिता भ्राता सब कोई। संकट में पूछत नहिं कोई॥
स्वामी एक है आस तुम्हारी। आय हरहु अब संकट भारी॥7॥

धन निर्धन को देत सदाहीं। जो कोई जांचे वो फल पाहीं॥
अस्तुति केहि विधि करौं तुम्हारी। क्षमहु नाथ अब चूक हमारी॥
शंकर हो संकट के नाशन। मंगल कारण विघ्न विनाशन॥
योगी यति मुनि ध्यान लगावैं। नारद शारद शीश नवावैं॥8॥

नमो नमो जय नमो शिवाय। सुर ब्रह्मादिक पार न पाय॥
जो यह पाठ करे मन लाई। ता पार होत है शम्भु सहाई॥
ॠनिया जो कोई हो अधिकारी। पाठ करे सो पावन हारी॥
पुत्र हीन कर इच्छा कोई। निश्चय शिव प्रसाद तेहि होई॥9॥

पण्डित त्रयोदशी को लावे। ध्यान पूर्वक होम करावे ॥
त्रयोदशी ब्रत करे हमेशा। तन नहीं ताके रहे कलेशा॥
धूप दीप नैवेद्य चढ़ावे। शंकर सम्मुख पाठ सुनावे॥
जन्म जन्म के पाप नसावे। अन्तवास शिवपुर में पावे॥10॥

कहे अयोध्या आस तुम्हारी। जानि सकल दुःख हरहु हमारी॥

॥दोहा॥

नित्त नेम कर प्रातः ही, पाठ करौं चालीसा।
तुम मेरी मनोकामना, पूर्ण करो जगदीश॥
मगसर छठि हेमन्त ॠतु, संवत चौसठ जान।
अस्तुति चालीसा शिवहि, पूर्ण कीन कल्याण॥

Tags: Chalisa Path Sangrah Mahadev Chalisa shankar chalisa Shiv Shiv Chalisa शिव चालीसा

Continue Reading

Previous: श्री सरस्वती चालीसा (Saraswati Chalisa Lyrics)
Next: शिरडी वाले श्री साँई चालीसा (Shirdi Shri Sai Baba Chalisa)

हाल के पोस्ट

  • बिल्वाष्टकम् स्तोत्रम् (Bilvashtakam Stotram)
  • 51 शक्तिपीठों की सूची और संक्षिप्त विवरण
  • महाकुंभ: इतिहास, महत्व और आयोजन की जानकारी
  • खाटू श्याम जी की आरती (Khatu Shyam Aarti)– महत्व, विधि और लाभ
  • Ram Shalaka Prashnavali – Divine Blessings of Ram
  • एक अनसुलझे प्रश्न – ईश्वर अर्थात भगवान (Bhagwan), क्या है और कौन है ?
  • श्री साईं बाबा के 11 वचन अर्थ सहित (Sai Ke 11 Vachan)
  • 10 Expert Tips for Choosing the Perfect Name for Your Baby
  • राम नाम की महिमा (Ram Naam ki Mahima)
  • हनुमान चालीसा के विधि पूर्वक 100 पाठ करने से लाभ

Category

  • Home
  • Chalisa
  • Aarti
  • Stories
  • Stotra
  • Stories
  • Aarti
  • Stotra
  • Chalisa
  • vrat katha
  • Editor Story
  • Main Story
  • Ram
  • Baby Name
  • Contact Us
  • Privacy Policy
  • Terms of Service
  • Babynames
  • 10 Beautiful Baby Girl Names That Mean Lucky or Blessed
  • Top 25 Trending Boy Names in India for 2025
  • Facebook
  • Twitter
  • Pinterest
  • Tumblr
  • Blogger
Copyright © All rights reserved. | SnatanBakti.com